बेंगलुरु हिंसा : दलित कांग्रेस MLA के भांजे का जो काटेगा सिर, उसे मेरठ का शाहजेब देगा 51 लाख रुपये

कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में कांग्रेस के एक दलित विधायक अखंड श्रीनिवास मूर्ति के भांजे पी. नवीन ने बीते मंगलवार को फेसबुक पर पैगंबर मोहम्मद को लेकर एक आपत्तिजनक पोस्ट की थी। इस पोस्ट को लेकर संबधित समुदाय के लोगों ने विधायक के घर धावा बोल दिया। संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया, गाड़ियों में आग लगाई, जमकर उत्पात मचाया। इस पूरे मामले को लेकर बेंगलुरु के संयुक्त पुलिस आयुक्त(अपराध), संदीप पाटिल ने कहा कि, बेंगलुरु में 11 अगस्त को हुई हिंसा को लेकर 60 और लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इसके बाद अब कुल गिरफ्तारियां 206 हो गई हैं।

वहीं इस मामले को लेकर उत्तर प्रदेश से एक भड़काऊ बयान दिया गया है। यूपी के मेरठ में खुद समाजसेवी बताने वाले शख्स शाहजेब रिजवी ने विवादित बयान देते हुए कहा है कि, ‘बंगलुरु में विधायक के करीबी के बयान से मुस्लिम समाज के लोगों को ठेस पहुंची है। उन्होंने कहा कि अपशब्द बोलने वाले युवक का जो सिर लाकर देगा, उसे 51 लाख रुपये का नगद इनाम दिया जाएगा। रिजवी ने अपने बयान में यह भी कहा है कि समाज के लोग इस धनराशि को इकट्ठा करने में उनका सहयोग करेंगे।

शाहजेब रिजवी ने अपने बयान की वीडियो भी सोशल मीडिया में जारी की है। मेरठ के एसएएपी अजय साहनी ने विवादित वीडियो का संज्ञान लेते हुए जांच के आदेश दिए , इसके बाद पुलिस ने वायरल वीडियो का संज्ञान लेते हुए आरोपी शाहजेब रिजवी के खिलाफ आईपीसी की धारा 153-ए और 505(2) में केस दर्ज कर लिया गया है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है।

Harshvardhan AIIMS blood camp

बता दें कि 51 लाख का रुपये ईनाम रखने का ये पहला मामला नहीं है, इससे पहले कमलेश तिवारी जिनकी अक्टूबर 2019 में हत्या कर दी गई थी, उनके ऊपर भी 51 लाख रुपये का ईनाम रखा गया था। ये ईनाम राशि अनवारुल हक नाम के शख्स ने रखी थी। गौरतलब है कि साल 2015 में अनवारुल ने कमलेश तिवारी का सिर कलम करने वाले को 51 लाख रुपये ईनाम में देने की घोषणा की थी। उसके 4 साल बाद ही हिंदूवादी नेता कमलेश तिवारी की हत्या कर दी गई थी। इस मामले में अनवारुल हक से पुलिस ने पूछताछ भी की थी।

Meeerut letter

फिलहाल बेंगलुरु मामले में शाहजेब रिजवी को लेकर पुलिस ने तलाश तेज कर दी है, पुलिस चाहती है कि फिर से कमलेश तिवारी जैसा हत्याकांड दोहराया ना जाए। शाहजेब को लेकर जानकारी सामने आई है कि, शाहजेब रिजवी मेरठ में फलावदा थाना क्षेत्र के रसूलपुर गांव का रहने वाला है। वो पहले समाजवादी पार्टी अल्पसंख्यक सभा के प्रदेश सचिव रहा है। फिलहाल अब वह सपा में नहीं हैं। उसने जिला पंचायत का चुनाव भी लड़ा, लेकिन जीत नसीब नहीं हुई।