रुचिरा कंबोज ने संयुक्त राष्ट्र में भारत की पहली महिला प्रतिनिधि के रूप में कार्यभार संभाला

राजदूत रुचिरा कंबोज ने संयुक्त राष्ट्र में भारत की स्थायी प्रतिनिधि के रूप में कार्यभार संभाल लिया है। रुचिरा न्यूयॉर्क स्थित संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में भारत की पहली महिला दूत होंगी। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र में भारत के मौजूदा स्थायी प्रतिनिधि टीएस तिरुमूर्ति की जगह ली है। रुचिरा कंबोज भारतीय विदेश सेवा (आईएफएस) की 1987 बैच की अफसर रही हैं।

इससे पहले रुचिरा भूटान में भारत की राजदूत की जिम्मेदारी निभार रही थीं। साथ ही कंबोज दक्षिण अफ्रीका में भारत की उच्चायुक्त और यूनेस्को में भारत की राजदूत/स्थायी प्रतिनिधि के तौर पर काम कर चुकी हैं। रुचिरा भूटान में भारत की पहली महिला राजदूत थीं।

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत का कार्यकाल इस साल दिसंबर में समाप्त होगा जब देश इस महीने के लिए शक्तिशाली संयुक्त राष्ट्र संघ के अध्यक्ष के रूप में भी अध्यक्षता करेगा। कंबोज ने इससे पहले 2002-2005 तक न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी मिशन में काउंसलर के रूप में भी काम किया था।

कंबोज ने सोमवार को ट्वीट किया था कि संयुक्त राष्ट्र में भारत की नामित स्थायी प्रतिनिधि के रूप में अभी-अभी न्यूयॉर्क पहुंची हूं। सुरक्षा परिषद में आज अपने सभी सहयोगी राजदूतों से मिलकर बहुत अच्छा लगा। इस नए पद के जरिये अपने देश की सेवा करना मेरे लिए बहुत सम्मान की बात है।

कंबोज के पूर्ववर्ती राजदूत टीएस तिरुमूर्ति ने उनके ट्वीट का जवाब देते हुए लिखा था कि बधाई और आपकी सफलता के लिए शुभकामनाएं रुचिरा!

रुचिरा कंबोज 1987 सिविल सेवा बैच भारतीय महिला टॉपर थीं और उस वर्ष के विदेश सेवा बैच की टॉपर थीं। उन्होंने पेरिस में अपनी राजनयिक यात्रा शुरू की, जहां उन्हें 1989-1991 तक फ्रांस में भारतीय दूतावास में तीसरे सचिव के रूप में तैनात किया गया था।

इसके बाद वे पेरिस से वह दिल्ली लौटीं, जहां उन्होंने 1991 से 1996 तक विदेश मंत्रालय के यूरोप वेस्ट डिवीजन में अवर सचिव के रूप में काम किया। 1996-1999 तक, उन्होंने मॉरीशस में प्रथम सचिव (आर्थिक और वाणिज्यिक) के रूप में कार्य किया।

रुचिरा कंबोज संयुक्त राष्ट्र में अमेरिकी राजदूत लिंडा थॉमस-ग्रीनफील्ड, ब्रिटेन के स्थायी प्रतिनिधि राजदूत बारबरा वुडवर्ड, नॉर्वे की राजदूत और न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र में स्थायी प्रतिनिधि मोना जुल, यूएई की राजदूत लाना जकी नुसीबेह सहित परिषद में तैनात महिला राजदूतों के समूह में शामिल हुईं हैं।