राष्‍ट्रपति ने किरण बेदी को पुडुचेरी के LG पद से हटाया, अब वजह आई सामने!

मंगलवार की शाम में खबर आई कि पुडुचेरी की उपराज्यपाल (LG) किरण बेदी (Kiran Bedi) को राष्ट्रपति ने पद से हटा दिया है। इसको लेकर सियासी गलियारे में काफी चर्चा रही। लोगों का मानना है कि इस कदम के पीछे भाजपा की कोई बड़ा सियासी फायदा देख रही है। ऐसा इसलिए भी क्योंकि मंगलवार को ही पुडुचेरी में कांग्रेस के एक विधायक के इस्तीफा देने से राज्य की कांग्रेस सरकार पर संकट के बादल नजर आ रहे हैं। मौजूदा सदन में कांग्रेस नीत गठबंधन के अब 14 विधायक रह गए हैं। ऐसे में शाम तक किरण बेदी को LG पद से मुक्त कर देना, सियासी मुद्दा बना हुआ है। वहीं तेलंगाना की राज्यपाल को पुडुचेरी का अतिरिक्त कार्यभार दिया गया है

बता दें कि किरण बेदी को 29 मई 2016 को उपराज्यपाल नियुक्त किया गया था। आपको बता दें कि पुडुचेरी में कांग्रेस सरकार और उपराज्यपाल किरण बेदी में लंबे समय से टकराव चल रहा था। इसको लेकर 10 फरवरी को राज्य के सीएम वी. नारायणस्वामी (V Narayanswami) ने राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को ज्ञापन सौंपकर उन्हें हटाने की सिफारिश भी की थी। उनका दावा था कि, वह ‘तुगलक दरबार’ चला रही हैं।

वहीं इन्हें हटाने को लेकर राष्ट्रपति भवन की तरफ से जारी आदेश में कहा गया है कि, डॉ. किरण बेदी अब पुडुचेरी की उपराज्यपाल नहीं रहेंगी। उन्होंने तेलंगाना की राज्यपाल तमिलिसाई सौंदर्यराजन को अपने दायित्वों का निर्वहन करने के साथ ही पुडुचेरी के उपराज्यपाल की जिम्मेदारी निभाने के लिए नियुक्त किया है। यह नयी जिम्मेदारी उनके नये उपराज्यपाल के पदभार ग्रहण करने के बाद से प्रभावी हो जाएगी और वह पुडुचेरी के उपराज्यपाल की नियमित व्यवस्था कर लिये जाने तक इस पद पर रहेंगीं।’

माना जा रहा है कि बीते 10 फरवरी को जिस तरह से राज्य के मुख्यमंत्री वी. नारायणस्वामी ने राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से गुहार लगाई थी कि वो उपराज्यपाल किरण बेदी को हटाएं, ऐसे में एक हफ्ते के समय में यह फैसला ले लिया गया है। फिलहाल विपक्ष इसको भाजपा की एक सियासी चाल की तरह से देख रहा है।