वाराणसी में नेपाली नागरिक का मुंडन कर लिख दिया ‘जै श्री राम’, वजह जानकर हैरान रह जायेंगे !

नेपाल और भारत के बीच इस समय सब कुछ ठीक नही चल रहा है. पिछले हफ्ते ही नेपाली प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली ने भगवान राम का जन्म स्थान नेपाल मे स्थित एक छोटे से गांव बीरगंज के पास बताया था. इसके बाद भारत मे नेपाली प्रधानमंत्री के बारे में जमकर भला-बुरा कहा गया. यहां तक की संत महात्माओं ने भी उन्हें खरी-खोटी सुनाई. अब खबर आई है कि एक समूह के लोगों ने वाराणसी में बैठे एक नेपाली नागरिक को कथित तौर पर प्रधानमंत्री ओली के खिलाफ नारे लगाने को कहा. इतना ही नही उस सख्श का मुंडन कर उसके सिर पर ‘जय श्री राम लिख’ दिया गया.

नेपाली नागरिक

सोशल मीडिया में वायरल हो रहे वीडियो में शख्स अपने नेपाली भाषा में पीएम ओली को लेकर और भी कई तरह की बातें करता हुआ दिखाई दे रहा है.

वाराणसी में विश्व हिन्दू सेना के लोगों ने नेपाली का कर दिया मुंडन

भारत औऱ नेपाल के बीच तनातनी के बीच वाराणसी से एक अजीब वाक्या सामने आया है. नदी के किनारे एक नेपाली नागरिक का न केवल मुंडन कर दिया गया बल्कि उसे प्रधानमंत्री ओली के खिलाफ बोलने के लिए कहा गया. इतना ही नही नेपाली नागरिक पर जय श्री राम और भारत माता की जय बोलने के लिए दबाव डाला गया. बाद में विश्व हिन्दू सेना के लोगों ने उसका मुंडन कर उसके सिर पर जय श्री राम लिख दिया.

कथित व्यक्ति नेपाल के प्रधानमंत्री के बारे में कह रहा कि-

‘उन्होंने हमारे लिए रोजगार का कोई साधन नही दिया. इसलिए हमें भारत आना पड़ा. आप हमारा रोजगार क्यों छीन रहे हैं, बहुत सारे नेपाली विदेश जाकर रोजी रोटी कमाते हैं. भारत में हमें रोजगार मिला है.’

विश्व हिन्दू सेना नेता अरुण पाठक ने सोशल मीडिया में वीडियो अपलोड किया

नेपाली नागिरक का मुंडन कर उसका वीडियो सोशल मीडिया पर विश्व हिन्दू सेना के नेता अरुण पाठक ने अपलोड किया है. शेयर करते हुए उसने लोगों से अपील की है कि इसी तरह से अन्य नेपाली नागरिक का सिर मुंडन कर जय श्री राम लिख दो जिससे कि दोबारा प्रधानममंत्री ओली भगवान राम के बारे में ऐसा न बोल पायें.

अरुण पाठक

एफआईआर दर्ज

पुलिस ने अरुण पाठक सहित अन्य के खिलाफ भेलूपुर पुलिस थाने पर एफआईआऱ दर्ज की हैं. जिसमें नेपाली नागरिक को अपमानित करने औऱ नेपाल के धार्मिक भावनाओं को अघात पहुंचाने का आरोप लगाया गया है.

वाराणसी के पुलिस अधीक्षक विकास चन्द्र त्रिपाठी ने कहा कि मामले को गंभीरता से लेते हुए खोजबीन शुरु किया गया है. पुलिस सभी आरोपियों को ढूंढने की कोशिश कर रही है और जल्द ही उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जायेगी.

उधर विश्व हिन्दू सेना नेता अरुण पाठक ने इस मामले में शामिल होने के आरोपों से पल्ला छाड़ लिया लेकिन उन्होंने कहा कि वह भगवान राम के खिलाफ किसी भी अपमान को बर्दाश्त नही किया जायेगा और जो अपमानित करेगा उसे यही दंड मिलेगा.

बता दें कि पिछले हफ्ते ही नेपाल के प्रधानमंत्री ओली ने कहा था कि भगवान राम का जन्म स्थान अयोध्या नेपाल के बीरगंज मे स्थित है. वह भारत मे नही है. इसके बाद से पीएम ओली भारत में हिन्दूवादी संगठन सहित अन्य के ऩिशाने पर हैं.