वायरल वीडियो: हैदराबाद में अस्पताल के बाहर स्ट्रेचर में लेटे हुए हैं कोरोना मरीज? जानिए क्या है वीडियो की सच्चाई !

कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों की संख्या भारत में लगातार बढ़ रहे है. 6 लाख 87 हजार संक्रमित कोरोना मरीजों की संख्या के साथ भारत तीसरे नंबर पर आ गया है. इस बीच सोशल मीडिया में एक वीडियो जमकर वायरल हो रहा है जिसको लेकर दावा किया जा रहा है कि यह हैदराबाद के अस्पताल का है जहां कोविड-19 के मरीज अस्पातल से बाहर स्ट्रेचर पर लेटे हुए हैं. वीडियो में दिखाई दे रहा है कि एक बड़े से अस्पताल के बाहर काफी बड़ी संख्या में मरीज लेटे हुए हैं. इसके द्वारा यह बताया जा रहा है की कोरोना से संक्रमित मरीजों के लिए अस्पताल में जगह नही है और उन्हें बाहर रहना पड़ रहा है. हालांकि इस वीडियो की सच्चाई कुछ औऱ आइए बताते हैं.

वायरल वीडियो

फेसबुक और व्हाटऐप्स जैसे सोशल मीडिया साइट में इस समय एक वीडियो जमकर वायरल हो रहा है जिसको लेकर दावा किया जा रहा है कि यह हैदराबाद के एक अस्पताल का है जहां कोविड-19 के मरीज अस्पताल में जगह न होने के कारण बाहर स्ट्रेचर में लेटे हुए हैं. इस वीडियो में दिखाई दे रहा है कि एक बड़े से अस्पताल के बाहर कई मरीज स्ट्रेचर में लेटे हुए हैं. मरीज गर्मी से बेहाल हैं जबकि उनके परिवार के लोग उनकी सेवा में लगे हुए हैं. चारों ओर अफरा-तफरी का माहौल है और लोग इधर-उधर भागते हुए दिखाई दे रहे हैं.

वायरल वीडियो की पड़ताल

वायरल वीडियो की सच्चाई करने पर पता चला कि 13 जून 2020 को पाकिस्तान के लाहौर में सर्विसेज अस्पताल के सर्जिकल इमरजेंसी वार्ड मे आग लग गई थी. जिसके कारण वहां मौजूद मरीजों को बचाकर अस्पताल के बाहर लाया गया है. इस वीडियो को ही हैदराबाद के अस्पताल का बताकर वायरल किया जा रहा है. जिससे लोगों में भ्रामक स्थिति बन रही है. सच्चाई यह है कि यह वायरल वीडियो भारत का है ही नही.

क्या है सच्चाई  

वीडियो की सच्चाई पता करने पर सामने आया कि यह वीडियो न तो भारत के किसी अस्पताल का है और ना ही कोविड-19 के मरीजों का है. दरअसल यह वीडियो पाकिस्तान के एक अस्पताल का है जहां आग लगने की घटना के बाद मरीजों को बचा कर बाहर लाया गया है और लोगों में अफरा-तफरी का माहौल है.

इस वीडियो को गैलेक्सी पाकिस्तान नाम के यूट्यूब चैनल ने 16 जून 2020 को अपलोड किया था. जिसमें केप्शन लिखा था- ‘सर्विसेज अस्पताल में आग लगने के बाद दृश्य’.

फैक्ट चेक करने के बाद स्पष्ट है कि यह वीडियो फेक है और इसमें कोई सच्चाई नही है.