जब वर्चुयल सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट के जज को बोला गया- ‘आप कौन बोल रहे हो भाई साहब’.. उसके बाद क्या हुआ, जानिए पूरी खबर

कोरोना के कारण देश भर में चल रहे वर्चुयल कोर्ट से जहां कई मायनों में लोगों को इसका फायदा हुआ है वहीं कुछ जगहों पर अदालती कार्रवाई के दौरान अजीबोगरीब वाक्या देखने को मिला है. ऐसे ही कुछ नजारा मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में जस्टिस यूयू ललित की अदालत में देखने को मिला. जस्टिस ललित की अध्यक्षता वाली पीठ में वर्चुयल सुनवाई चल रही थी. मामले में वकील से वर्चुअल तरीके से संपर्क नहीं हो सका इसके बाद जस्टिस ललित ने वकील को फोन लगवा कर कुछ ऐसा कहा कि वकील को कहना पड़ा ‘आप कौन बोल रहे हो भाई साहब’

वर्चुयल कोर्ट
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जस्टिस यूयू ललित से वकील ने कहा कौन बोल रहे हो भाई साहब

अदालती कार्रवाई के दौरान एक मामले में वकील से वर्चुअल संपर्क न होने के बाद जस्टिस ललित ने कोर्ट मास्टर से कहा कि उस वकील को फोन किया जाय. जज साहब का आदेश मिलते ही कोर्ट मास्टर ने वकील को फोन लगाया और फोन कनेक्ट होते ही कोर्ट मास्टर ने जस्टिस ललित को फोन दे दिया. जस्टिस ललित ने उसके बाद उस वकील पर प्रश्नों की झड़ी लगा दी.

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सामने वाले वकील साहब कुछ देर तक सब कुछ सुनते रहे. उसके बाद वकील ने कहा- ‘भाई साहब आपने बहुत सवाल कर लिया. अब आप यह बताइए की आप कौन साहब बोल रहे हो. हैलो कौन बोल रहे हो भाई.’  यह सुनते ही जस्टिस यूयू ललित नाराज हो गए औऱ कोर्ट मास्टर की ओर देखकर बोले आपने फोन लगाने के वक्त क्या वकील को कोई जानकारी नही दी थी.

कोर्ट मास्टर बताना भूल गया कि जस्टिस ललित बोल रहे हैं

दरअसल कोर्ट मास्टर ने जब वकील को फोन लगाया तो यह बताना भूल गया कि वह अदालत से बोल रहे हैं और फोन पर जस्टिस ललित बात करने वाले हैं. उधर फोन पर वकील साहब लगातार बोले जा रहे थे भाई साहब कुछ बोलो…हैलो भाई साहब.’ इधर जस्टिस ललित ने फोन काट दिया और अदालत में अगले मामले की सुनवाई करने लगे

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बता दें कि इसके पहले भी वर्चुय़ल कोर्ट में सुनवाई के दौरान कई अनोखे वाक्ये सामने आए थे. कभी दस्तावेजों की आड़ में वकील सिगार पीते देखे गए थे तो कभी सुनवाई के दौरान बैक ग्राउंड में आलू ले लो, भिंडी ले लो सुनाई दिया था. इसके अलावा वकील साहब बनियान पहनकर भी जिरह करते देखे गए थे.